BREAKING NEWS
post viewed 37 times

मुंबई, गुजरात और यूपी में फिदायीन हमले का खतरा 2019 चुनाव से पहले,पाकिस्तान में बने आतंकी ट्रेनिंग कैंप,

NBT-image (13)

सुरेंद्र कुमार

भारत में 2019 में लोकसभा चुनाव होने हैं। इन चुनावों में फिदायीन हमले के लिए पाकिस्तान में कई आतंकवादी ट्रेनिंग कैंप बनाए गए हैं। इसी ट्रेनिंग कैंप से मुंबई के मिर्जा फैजल खान को भी ट्रेनिंग दी गई थी। मिर्जा को महाराष्ट्र ऐंटी टेररेज़म स्क्वॉड (एटीएस) ने पिछले सप्ताह गिरफ्तार किया है। महाराष्ट्र एटीएस चीफ अतुलचंद्र कुलकर्णी का कहना है कि मिर्जा से पूछताछ में पता चला कि उसे और उसके अन्य साथियों को मुंबई, गुजरात और उत्तर प्रदेश (यूपी) में फिदायीन हमले का टार्गेट दिया गया था।

NBT-image (13)
आईएसआई ने दी ट्रेनिंग

मिर्जा 1993 के मुंबई बम धमाकों के बाद से भागे फारूख देवाड़ीवाला के अंडर में काम करता था। फारूख का 25 साल पहले हुए धमाकों में नाम तो नहीं आया था लेकिन वह उन धमाकों में शामिल एक और आरोपी सलीम कुर्ला के साथ काम करता था। 1993 के मुंबई बम धमाके दाऊद इब्राहिम ने करवाए थे। सलीम को जब धमाकों के केस में जमानत मिली, तब दाऊद के प्रतिद्वंद्वी गिरोह ने उसका कत्ल करवा दिया था। फारूख इन दिनों शारजाह में बैठा है। उसने मिर्जा फैजल खान को कुछ महीने पहले शारजाह बुलवाया। वहां से फिर उसे दुबई भेजा। दुबई में उसका नैरोबी के लिए टिकट बुक कराया, पर उसे उस फ्लाइट में बैठाया गया, जो पाकिस्तान होकर नैरोबी जाती है। पाकिस्तान में आईएसआई के लोगों ने उसे कराची में उतार लिया। उसे छह लोगों द्वारा वहां हथियार चलाने और बम बनाने की करीब 15 दिन ट्रेनिंग दी गई। उसके बाद उसे मुंबई भेजा गया। मुंबई में उसने कई जगह की रेकी की। साथ ही उसे महाराष्ट्र के एक बड़े राजेनता की भी हत्या को कहा गया।

भारत में हथियार पहुंचाए जाने की आशंका
ये सारे फिदायीन हमले अभी इसलिए नहीं हो पाए, क्योंकि मिर्जा सहित भारत भेजे गए फिदायीन आतंकवादियों को अभी तक हथियार नहीं मिले थे। ऐसा पता चला है कि नेपाल के रास्ते भारत में हथियार भेज भी दिए गए हैं, पर जब तक मिर्जा फैजल खान तक ये पहुंचते, वह गिरफ्तार कर लिया गया। उसकी गिरफ्तारी की खबर के बाद उसके दो साथी मुंबई से भूमिगत हो गए। मिर्जा ने पूछताछ में बताया कि पाकिस्तान में सभी आतंकवादी संगठन यूनाइटेड जिहाद काउंसिल के अंडर में काम करते हैं। इस संगठन को आईएसआई का समर्थन है। यही काउंसिल कभी लश्कर-ए-तैयबा, कभी हिजबुल, तो कभी जैश ए मोहम्मद, तो कभी इंडियन मुजाहिदीन को भारत में हमले या बम धमाके करने का काम देती है। किस आतंकवादी संगठन को भारत का कौन सा शहर हमले के लिए देना है, उसके लिए पाकिस्तान में टॉस फेंका जाता है और फिर उस संगठन के ट्रेनिंग कैंप में भारत से बुलाए गए या पाकिस्तान और बांग्लादेश के युवकों को आतंकवादी ट्रेनिंग दी जाती है।

कुछ दिनों पहले दिल्ली पुलिस ने भी पाकिस्तान से ट्रेनिंग पाए कुछ युवकों को गिरफ्तार किया था। मुंबई में गिरफ्तार मिर्जा का उस ग्रुप से भी लिंक सामने आ रहा है।

Be the first to comment on "मुंबई, गुजरात और यूपी में फिदायीन हमले का खतरा 2019 चुनाव से पहले,पाकिस्तान में बने आतंकी ट्रेनिंग कैंप,"

Leave a comment

Your email address will not be published.


*